कांग्रेस सरकार में आतंकियों के सफाए की कोई राजनीतिक इच्छा शक्ति नहीं थी: जगत प्रकाश नड्डा

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भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री जगत प्रकाश नड्डा ने आज शुक्रवार को  इम्फाल में खेल जगत के लोगों और एक्स-सर्विसमेन के साथ अलग-अलग संवाद किया और माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में केंद्र की भारतीय जनता पार्टी सरकार द्वारा रक्षा और खेल क्षेत्र में किये गए कार्यों की विस्तार से चर्चा की। इस अवसर पर मणिपुर के मुख्यमंत्री श्री एन बीरेन सिंह, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष श्रीमती शांति देवी, मणिपुर के भाजपा प्रभारी एवं पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ संबित पात्रा, सेवानिवृत लेफ्टिनेंट जनरल एल एन सिंह सहित कई अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

श्री नड्डा ने कहा कि कुछ दिन पहले हुए एक आतंकी घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि देश के लिए जो फौजी अपना जीवन लगाते हैं, उनके खिलाफ ऐसा षड्यंत्र रचना कायरतापूर्ण है। मैं इस हमले में शहीद असम राइफल्स के जवानों एवं कमांडिंग ऑफिसर की शहादत को शत-शत नमन करता हूँ एवं अपनी ओर से विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूँ।

माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के सत्ता संभालने के पश्चात् देश के रक्षा क्षेत्र में बुनियादी परिवर्तन आया है। भारतीय सेना के तीनों अंगों की ताकत बढ़ी है। कांग्रेस कार्यकाल में भारतीय फ़ौज की ख़राब हालात पर आक्रोशित होते हुए उन्होंने कहा कि पहले पाकिस्तान से जब सीमावर्ती क्षेत्रों में गोलीबार होती थी तो दिल्ली तक संदेश पहुँचने में बहुत समय लगता था और दिल्ली से भी केवल “वेट और वाच” का संदेश दिया जाता था। अब समय बदला है, प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि पाकिस्तान से सीमा पर गोलीबरी होती है तो तुरंत करारा जवाब दिया जाये, अब दिल्ली से ऑर्डर लेने की कोई जरूरत नहीं है। यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने कहा है कि “हम न किसी से आंख झुकाकर बात करेंगे, ना ही आँख उठा कर बात करेंगे, हम आंख में आंख डालकर बात करेंगे”। सर्जिकल स्ट्राइक हो या एयर स्ट्राइक, प्रधानमंत्री जी ने स्पष्ट कर दिया है कि भारत अपनी सरहदों की सुरक्षा के लिए कृतसंकल्पित है ।

श्री नरेन्द्र मोदी सरकार के गठन के बाद वन रैंक, वन पेंशन लागू किये जाने की चर्चा करते हुए माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि ओआरओपी के लिए अब तक लगभग 42,000 करोड़ रुपये आवंटित किए जा चुके हैं। जवानों की बहुत दिनों से लंबित इस मांग को पूरा किया गया जबकि निवर्तमान यूपीए सरकार के मंत्री पी चिदंबरम ने वन रैंक वन पेंशन के नाम पर केवल 500 रुपये की टोकन राशि आवंटित की थी जो कि जवानों के साथ बस एक भद्दा मजाक था।

कांग्रेस कार्यकाल में रक्षा सौदे में हुए घोटाला पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए श्री नड्डा ने कहा कि पिछली सरकारों के दौरान बिना कमीशन के कोई रक्षा सौदा नहीं होता था। इससे हमारे रक्षा बलों को बहुत नुकसान हुआ था, माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के सत्ता में आने से पहले यूपीए सरकार के 10 साल में कोई रक्षा खरीद ही नहीं हई थी। ये लोग (पहले की सरकारें) देश को कहाँ ले गए थे? फौजियों के पास बुलेट प्रुफ जैकेट तक नहीं था। कांग्रेस की यूपीए सरकार ने देश के डिफेन्स को संकट में डाल रखा था। भारतीय फ़ौज को इसकी बड़ी खामियाजा भुगतना पड़ा। दूरदर्शी पीएम श्री नरेन्द्र मोदी के आने बाद भारतीय सेना के सशक्तिकरण पर विशेष ध्यान दिया गया। श्री नरेन्द्र मोदी जी के कार्यकाल में 36 राफेल लड़ाकू विमानों को भारतीय वायु सेना में शामिल किया गया है। 28 अपाचे हेलीकॉप्टर और 15 चिनूक हेलिकॉप्टर खरीदे गए हैं। एमआरएसएएम (MRSAM) और आर्टिलरी गन खरीदी गई हैं। 1.86 लाख बुलेट प्रूफ जैकेट बने हैं। 5 लाख असॉल्ट राइफलें भी लाई गई हैं। ये खरीदारी 22 साल बाद की गई है।

माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष ने श्री नरेन्द्र मोदी सरकार में सशक्त सेना की उपलब्धियों पर चर्चा करते हुए कहा कि पिछले 6 वर्षों में नागरिक हताहतों की संख्या में लगभग 79% की कमी आई है। सशस्त्र बलों की हताहतों की संख्या में भी लगभग 23% की कमी आई है। आज तमिलनाडु और उत्तर प्रदेश में डिफेंस कॉरिडोर बन रहा है। हम अपने रक्षा बलों को और अधिक सशक्त बनाने के लिए रक्षा क्षेत्र में स्वदेशी उत्पादन पर विशेष ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।

श्री नड्डा ने सवाल किया कि क्या बिना अच्छी आधारभूत संरचना के हमारी सीमा सुरक्षित हो सकती है? हमारे प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने सीमा सुरक्षा को चाक-चौबंद करने के लिए सीमा पर इन्फ्रास्ट्रक्चर को बेहतर बनाने पर ध्यान केन्द्रित किया और अब 24 घंटे में हमारी आर्मी हर क्षेत्र में भारतीय सीमा पर पहुँचाने में सक्षम है। भारत-चीन सीमा पर 683 किलोमीटर लंबी 32 नई सीमा सड़कें बनाई जा रही हैं। संवेदनशील क्षेत्रों में 44 रणनीतिक पुल विकसित किए जा रहे हैं। दौलत बेग ओल्डी रोड 2019 में बनकर तैयार हुई है। 19 साल लगे, लेकिन प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में काम पूरी गति से हुआ। इसी चिनाब नदी पर सबसे उंचा रेल पुल बन रहा है।

देश की रक्षा के प्रति कांग्रेस की उदासीनता पर कटाक्ष करते हुए माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि 2004 से लेकर 2014 तक दस साल में सीमा पर केवल 1 (एक) टनल बन पाया था। श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में केंद्र में भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनने पर 2014 से 2020 तक 6 टनल बन गये हैं और 19 अन्य बन रहे हैं। 1,44,16 मीटर के डबल लेन वाला पुल बनकर तैयार है। लगभग 4450 मीटर के ब्रिज बने हैं जबकि पहले ब्रिज पर वन-वे टनल या वन-वे ब्रिज पर चलते थे। मोदी सरकार में 4764 किलोमीटर की सड़कें बनी है। कई सड़कों का पुर्निर्माण हुआ है। आधारभूत संरचना के विकसित होने के फायदे पर उन्होंने कहा कि जब चीन ने हमला किया था तो भारतीय आर्मी डेढ़ दिन में चीन सीमा पर दुश्मन सेना के सामने खडी थी और दुश्मन को मुंहतोड़ जवाब दिया गया। जवानों के शौर्य को मैं कोटि-कोटि नमन करता हूँ।

मुंबई में हुए कायराना आतंकी हमले 26/11 की तेरहवीं वर्षी पर इस आतंकी हमले में मारे गए लोगों को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए श्री नड्डा ने कहा कि कांग्रेस के सांसद ने अपनी एक पुस्तक में लिखा है कि यूपीए सरकार की अर्कमण्यता और निर्णय नहीं लेने के कारण इस आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान को कोई जवाब नहीं दिया गया। स्पष्ट है कि कांग्रेस की सोनिया-मनमोहन सरकार में आतंकियों के सफाए की कोई राजनीतिक इच्छा शक्ति नहीं थी, वह निस्संदेह एक कमजोर सरकार थी। उस दुखद हमले में सैकड़ों नागरिक मारे गये और कई जवान भी इस बर्बर आतंकी हमले में शहीद हुए। हम उनकी शहादत को नमन करते हैं। हमने उस वक्त भी कहा था कि हमारे जवानों की शहादत को हम व्यर्थ नहीं जाने देंगें। उरी हमले के बाद सर्जिकल स्ट्राइक और पुलवामा के बाद एयर स्ट्राइक ने यह सिद्ध कर दिया कि देश के खिलाफ बंदूक उठाने वाले आतंकियों का हश्र क्या होगा! हमारे प्रधानमंत्री जी ने पुलवामा हमले के वक्त कड़े शब्दों में यह स्पष्ट कर दिया था कि जिसने भी इस कायराना हमले को अंजाम दिया है, उसे बड़ी कीमत चुकानी होगी, खामियाजा भुगतना पडेगा। माननीय प्रधानमंत्री जी का संदेश स्पष्ट है कि भारत एक शांतिप्रिय देश है लेकिन यदि भारत की शांति पर किसी ने हमला करने की कोशिश की तो भारत उसे उसी लहजे में जवाब देना जानता है।

खेल जगत के लोगों से संवाद करते हुए श्री नड्डा ने कहा कि मणिपुर का खेलों से गहरा नाता है और राज्य के खिलाड़ियों ने ओलंपिक में कई पदक जीते हैं। मणिपुर देश में खेल के क्षेत्र में अग्रणी राज्यों में से एक है। उन्होंने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने खेल और फिटनेस को बढ़ावा देने ‘खेलो इंडिया’ और ‘फिट इंडिया’ मूवमेंट की शुरुआत की। खेल को बढ़ावा देने के लिए माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने कई काम किये हैं और लगातार किये हैं। उन्होंने देश के नागरिकों की जीवन शैली को बेहतर बनाने पर जोर दिया है।

माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि हमारी सरकार ने यह सुनिश्चित किया कि जिला स्तर और राज्य स्तर पर बेहतर स्पोर्ट्स इंफ्रास्ट्रक्चर उपलब्ध हो ताकि स्थानीय खिलाड़ी उच्च स्तर की प्रतियोगिताओं में भाग ले सकें और देश का नाम रौशन कर सकें। हमारी सरकार ने स्वस्थ प्रतिस्पर्धा के लिए डोपिंग के खिलाफ एक सामूहिक एथलीट जागरूकता कार्यक्रम भी शुरू किया। हम योग के माध्यम से अपने धैर्य और स्टेमिना को कैसे बढ़ा सकते हैं, इस पर भी ध्यान केन्द्रित किया गया। माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी की प्रेरणा से भारतीय संस्कृति की विरासत योग को पूरी दुनिया ने स्वीकार किया और अब पूरा विश्व हर साल 21 जून को योग दिवस मनाती है।

श्री नड्डा ने कहा कि देश में 1,000 एथलीटों का चयन किया गया है, उन्हें सर्वश्रेष्ठ बुनियादी सुविधाओं के साथ-साथ सालाना 5 लाख रुपये दिए जा रहे हैं। हमारी सरकार का लक्ष्य है कि हम स्वस्थ प्रतिस्पर्धा करने वाले बेहतरीन खिलाड़ी विश्व पटल पर दे सकें।